पटियाला के सनौर में ₹87 करोड़ की विकास परियोजनाओं की सौगात, सीएम भगवंत मान ने सड़क, सिंचाई, स्वास्थ्य और महिला योजनाओं का किया विस्तार

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने सोमवार को पटियाला के सनौर विधानसभा क्षेत्र में करीब ₹87 करोड़ की विभिन्न विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इन परियोजनाओं में सड़क निर्माण, नहरों की लाइनिंग, सिंचाई व्यवस्था, स्वास्थ्य, शिक्षा, महिला सशक्तिकरण और किसानों के लिए कई अहम घोषणाएं शामिल हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार पंजाब को आधुनिक बुनियादी ढांचे और मजबूत कृषि व्यवस्था वाला राज्य बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने बताया कि ₹49.60 करोड़ की लागत से क्षेत्र की सड़कों का निर्माण और मरम्मत की जाएगी, जबकि ₹27 करोड़ की लागत से नहरों की लाइनिंग का कार्य होगा, जिससे 83 गांवों की 40,066 एकड़ कृषि भूमि को पर्याप्त सिंचाई का पानी मिलेगा।
सड़कों की गुणवत्ता पर रहेगा पांच साल तक ठेकेदार की जिम्मेदारी
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि पिछली सरकारों में भ्रष्टाचार के कारण सड़कें बनने के कुछ समय बाद ही टूट जाती थीं। अब नई व्यवस्था के तहत सड़क बनाने वाले ठेकेदारों को पांच साल तक सड़क की देखरेख और मरम्मत की जिम्मेदारी भी निभानी होगी। इससे सड़क निर्माण की गुणवत्ता में सुधार होगा और सरकारी धन की बचत भी होगी।
उन्होंने बताया कि पंजाब सरकार पूरे राज्य में लगभग 44,920 किलोमीटर सड़कों के निर्माण और मरम्मत पर ₹16,209 करोड़ खर्च कर रही है। वहीं पटियाला से पेहोवा तक की मुख्य सड़क को भी फोर लेन हाईवे में बदला जाएगा, जिससे दिल्ली और हरियाणा की ओर सफर अधिक आसान और तेज होगा।
किसानों के लिए सिंचाई व्यवस्था मजबूत
मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार ने जल संरक्षण और सिंचाई व्यवस्था को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। उन्होंने बताया कि राज्य में 6,900 किलोमीटर से अधिक जल मार्गों को दोबारा जीवित किया गया है और ₹6,500 करोड़ खर्च कर नहर प्रणाली को आधुनिक बनाया जा रहा है।
उन्होंने दावा किया कि सरकार बनने से पहले केवल 21,050 एकड़ भूमि तक नहरों का पानी पहुंचता था, जबकि अब इसका दायरा कई गुना बढ़ चुका है। पहली बार 1,444 गांवों तक नहर का पानी पहुंचाया गया है। साथ ही पंजाब ने भाखड़ा नहर के पानी में अपना 25 प्रतिशत हिस्सा भी सुनिश्चित किया है।
शिक्षा के क्षेत्र में पंजाब की बड़ी उपलब्धि
मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में भी पंजाब ने ऐतिहासिक प्रगति की है। नेशनल अचीवमेंट सर्वे 2024 में पंजाब ने देश के कई अग्रणी राज्यों, जिनमें केरल भी शामिल है, को पीछे छोड़ते हुए बेहतर प्रदर्शन किया।
उन्होंने बताया कि हाल के वर्षों में 740 विद्यार्थियों ने जेईई (JEE) और 1,284 छात्रों ने नीट (NEET) परीक्षा पास की है। इसके अलावा पूरे राज्य में 118 स्कूल ऑफ एमिनेंस स्थापित किए गए हैं, जहां विद्यार्थियों को आधुनिक और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराई जा रही है।
65 लाख परिवारों को मिलेगा ₹10 लाख तक मुफ्त इलाज
मुख्यमंत्री ने मुख्यमंत्री सेहत योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि इस योजना के तहत राज्य के 65 लाख परिवारों को हेल्थ कार्ड दिए जा रहे हैं, जिनके माध्यम से हर परिवार को ₹10 लाख तक कैशलेस इलाज की सुविधा मिलेगी।
उन्होंने बताया कि अब तक 30 लाख से अधिक परिवारों को स्वास्थ्य कार्ड जारी किए जा चुके हैं और 1.65 लाख से अधिक लोग इस योजना के तहत मुफ्त इलाज का लाभ भी ले चुके हैं।
किसानों को दिन में बिजली और बेहतर सिंचाई सुविधा
मुख्यमंत्री ने कहा कि पहली बार धान सीजन के दौरान किसानों को आठ घंटे से अधिक लगातार बिजली उपलब्ध कराई गई। अब किसानों को दिन के समय सिंचाई के लिए बिजली मिल रही है, जिससे खेती करना पहले की तुलना में काफी आसान हो गया है।
महिलाओं के लिए ‘मावां-धीयां सत्कार योजना’
भगवंत मान ने बताया कि सरकार ने महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण के लिए मुख्यमंत्री मावां-धीयां सत्कार योजना शुरू की है। इसके तहत सामान्य वर्ग की महिलाओं को ₹1000 और अनुसूचित जाति की महिलाओं को ₹1500 प्रति माह सीधे उनके बैंक खातों में भेजे जाएंगे। इस योजना का लाभ 18 वर्ष या उससे अधिक आयु की पात्र महिलाओं को मिलेगा।
सड़क सुरक्षा और नशे के खिलाफ अभियान
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में गठित सड़क सुरक्षा फोर्स (Sadak Surakhiya Force) के कारण सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मौतों में करीब 48 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है।
उन्होंने यह भी कहा कि सरकार ‘युद्ध नशों विरुद्ध’ अभियान के तहत नशा तस्करों के खिलाफ लगातार कार्रवाई कर रही है। साथ ही युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने और उन्हें नशे से दूर रखने के लिए विशेष योजनाएं चलाई जा रही हैं।
मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि पंजाब सरकार जनता के टैक्स के पैसे का उपयोग केवल विकास कार्यों, किसानों, महिलाओं, युवाओं और आम लोगों के कल्याण के लिए कर रही है तथा राज्य को विकास की नई ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए प्रतिबद्ध है।



