वंदे मातरम् के पूर्ण गायन पर सीएम धामी का कांग्रेस पर हमला, बोले- देशविरोधी मानसिकता का परिचय


देहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने वंदे मातरम् के गायन को लेकर कांग्रेस कार्यसमिति के निर्णय पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। मीडिया से बातचीत के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस का आधे-अधूरे गायन से जुड़ा फैसला देशविरोधी मानसिकता को दर्शाता है। उन्होंने इसे करोड़ों देशवासियों की भावनाओं और स्वतंत्रता संग्राम में बलिदान देने वाले अमर शहीदों के सम्मान के खिलाफ बताया। सीएम धामी ने कहा कि देश की आजादी के लिए अनेक स्वतंत्रता सेनानियों ने हंसते-हंसते अपने प्राण न्योछावर कर दिए और वंदे मातरम् के उद्घोष के साथ मातृभूमि के लिए अपना सर्वस्व समर्पित किया। ऐसे में वंदे मातरम् से जुड़े किसी भी प्रकार के विभाजनकारी दृष्टिकोण को देश की भावनाओं का अपमान बताया।
तुष्टीकरण की राजनीति का लगाया आरोप
मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर तुष्टीकरण की राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी पहले भी वंदे मातरम् को बांटने का प्रयास कर चुकी है और अब दशकों बाद उसी सोच को दोहराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि वंदे मातरम् केवल एक गीत नहीं है, बल्कि यह देश की आजादी, राष्ट्रभक्ति और करोड़ों भारतीयों की भावनाओं से जुड़ा हुआ है। सीएम धामी ने कहा कि कांग्रेस को वंदे मातरम् के पूर्ण गायन से आपत्ति क्यों है, इसका जवाब देश की जनता को देना चाहिए।
सांस्कृतिक और आध्यात्मिक परंपरा का भी किया जिक्र
मुख्यमंत्री ने कहा कि संभवतः कांग्रेस को वंदे मातरम् के पूर्ण गायन में भारत की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक परंपराओं तथा देवी-देवताओं के स्मरण से आपत्ति है। उन्होंने उत्तराखंड को देवभूमि बताते हुए कहा कि प्रदेश में मां नंदा-सुनंदा, मां धारी देवी, मां पूर्णागिरि, मां ज्वालपा देवी समेत अनेक देवी-देवताओं के प्रति लोगों की गहरी आस्था है। उन्होंने कहा कि देवी-देवताओं का स्मरण और उनकी स्तुति भारतीय और सनातन सांस्कृतिक परंपरा का अभिन्न हिस्सा रहा है।
‘राजनीतिक लाभ के लिए नहीं होना चाहिए समझौता’
सीएम धामी ने कांग्रेस से सवाल करते हुए कहा कि क्या उसके लिए वोट ही सब कुछ है और क्या राजनीतिक लाभ के लिए देश की भावनाओं तथा सांस्कृतिक विरासत से समझौता किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि देश की संसद द्वारा बनाए गए कानूनों और लोकतांत्रिक संस्थाओं का सम्मान करना हर नागरिक और राजनीतिक दल की जिम्मेदारी है। मुख्यमंत्री के अनुसार, देश और उसकी लोकतांत्रिक व्यवस्था के खिलाफ खड़ा होना करोड़ों लोगों की भावनाओं के विपरीत है।
शहीदों के बलिदान से जोड़ा मुद्दा
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि कांग्रेस को देश की जनता को यह स्पष्ट करना चाहिए कि वह वंदे मातरम् के पूर्ण गायन के मुद्दे पर अपना रुख क्यों रख रही है। उन्होंने कहा कि वंदे मातरम् उन महान स्वतंत्रता सेनानियों के संघर्ष, त्याग और राष्ट्रभक्ति का प्रतीक है, जिनके बलिदान के कारण आज देश स्वतंत्र है। मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर शहीदों के बलिदान की भावना के विपरीत जाने का आरोप लगाते हुए कहा कि राष्ट्र की सांस्कृतिक विरासत और देश की भावनाओं से जुड़े विषयों पर राजनीतिक लाभ के लिए समझौता नहीं किया जाना चाहिए।




