22 हजार उपनल कर्मचारियों को मिलेगी राहत, चरणबद्ध रूप से सबको मिलेगा समान वेतनमान

सरकार 12 साल या उससे अधिक की सेवा कर चुके उपनल कर्मचारियों को समान काम के लिए समान वेतनमान देगी। मुख्यमंत्री के निर्देश पर शासन ने इस संबंध में आदेश जारी किया है। आदेश में कहा गया है कि कर्मचारी जिस विभाग में हैं, उसके माध्यम से उन्हें समान कार्य समान वेतन के सिद्धांत पर न्यूनतम वेतन एवं महंगाई भत्ता मिलेगा। उधर, पिछले 16 दिन से हड़ताल पर चल रहे उपनल कर्मचारियों ने शासन के आदेश के बाद अपना आंदोलन स्थगित कर दिया।प्रदेश में उपनल के माध्यम से विभिन्न विभागों में कार्यरत 22 हजार कर्मचारी हड़ताल पर थे। कर्मचारियों का कहना था कि उन्हें नियमित करने के साथ ही समान काम के लिए समान वेतन दिया जाए। मंगलवार शाम मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मिले कर्मचारियों को सीएम ने उनके प्रकरण में आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया। सीएम के आश्वासन के बाद शासन ने उपनल कर्मचारियों के मसले पर आदेश जारी कर दिया। आदेश में कहा गया है कि राज्य सरकार के अधीन विभागों, संस्थानों में उपनल के माध्यम से तैनात ऐसे कार्मिक, जिन्हें 12 साल या उससे अधिक की निरंतर सेवा पूर्ण कर ली है, उन्हें समान कार्य-समान वेतन के सिद्धांत पर वेतनमान का न्यूनतम वेतन एवं महंगाई भत्ता दिया जाएगा। इसके अलावा अन्य उपनल कर्मचारी जिन्होंने चरणबद्ध रूप से निरंतर सेवाएं पूर्ण की हैं, उन्हें भी जल्द समान कार्य-समान वेतन के सिद्धांत के अनुरूप वेतनमान का न्यूनतम वेतन एवं महंगाई भत्ता दिया जाएगा। सरकार की ओर से लिए गए इन निर्णयों के संबंध में औपचारिक आदेश जल्द जारी किए जाएंगे, ताकि कार्मिकों को समयबद्ध रूप से लाभ मिल सके।
सरकार उपनल कार्मिकों के हितों के प्रति प्रतिबद्ध है, उनके दीर्घकालिक हितों की रक्षा के लिए लगातार आवश्यक निर्णय लिए जा रहे हैं।
– पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री
समान काम के लिए समान वेतन के आदेश के बाद कर्मचारियों ने अपना पिछले 16 दिन से चल रहा आंदोलन स्थगित कर दिया।
– विनोद गोदियाल, संयोजक उपनल कर्मचारी संयुक्त मोर्चा



